नई दिल्ली
इस आपीएल सीजन में अबतक 14 मैच हुए हैं लेकिन कई मौके ऐसे भी आए हैं जब टीमें पिच की शिकायत करती दिखीं। शिकायत ये कि होम ग्राउंड पर खेलने के बाद भी उन्हें फायदा नहीं मिल रहा क्योंकि पिच उनके मनमाफिक क्यूरेट नहीं हुई है। ताजा मामला मंगलवार को हुए लखनऊ बनाम पंजाब मैच का है। हार के बाद लखनऊ के मेंटॉर जहीर खान तो यहां तक बोल गए कि ऐसा लगा जैसे हमारे होम ग्राउंड की पिच को पंजाब के क्यूरेटर ने तैयार किया है। अब इन शिकायतों को लेकर बीसीसीआई ने फ्रैंचाइजियों को ही हिदायत दी है कि वे अपनी जरूरतों को लेकर पिच क्यूरेटर को पहले ही बताएं, सीजन के बीच में नहीं।
ऐसा लगता है कि बीसीसीआई आईपीएल मैचों की पिच को लेकर संतुष्ट है और उसे इनसे कोई दिक्कत नहीं है। टाइम्स ऑफ इंडिया ने बीसीसीआई सूत्रों के हवाले से अपनी रिपोर्ट में बताया है कि बोर्ड का कहना है कि फ्रैंचाइजी पिच को लेकर अपनी जरूरतों के बारे में क्यूरेटर को अडवांस में बताएं क्योंकि ये एक हफ्ते के भीतर तो हो नहीं जाएगा। रिपोर्ट के मुताबिक, बीसीसीआई सूत्र ने कहा, 'पिचें अबतक अच्छी रही हैं। वे ऐसी पिच की मांग कर सकते हैं जो गेंदबाजों को ज्यादा फायदा पहुंचाए लेकिन इसके लिए फ्रैंचाइजी और क्यूरेटर्स के बीच में बेहतर संवाद की जरूरत है। यह आईपीएल सीजन में एक हफ्ते के भीतर नहीं हो सकता।'
बीसीसीआई की गाउडलाइंस के मुताबिक, पिच का नेचर क्या हो, इसमें न तो किसी फ्रैंचाइजी की चलेगी और न ही किसी खिलाड़ी की। क्यूरेटर को ऐसी पिच तैयार करनी है जिससे तेज गेंदबाजों को भी मदद मिले और स्पिनर्स को भी यानी इनमें अच्छा संतुलन बना रहे। कुछ टीमें होम पिच को लेकर शिकायत कर रही हैं तो इसके पीछे कहीं न कहीं, पिच क्यूरेटर्स को बीसीसीआई की तरफ से दिए गए ये निर्देश ही हैं।
आईपीएल के मौजूदा सीजन के शुरुआती दौर में ही होम ग्राउंड की पिच को लेकर कई फ्रैंचाइजी ने असंतोष जताया है। टीओआई की रिपोर्ट के मुताबिक, कोलकाता नाइट राइडर्स ने भी मांग की है कि ईडन गार्डन्स की पिच ऐसी हो जो स्पिनर्स को मदद पहुंचाए। दिल्ली कैपिटल्स का मैनेजमेंट भी अपने शुरुआती दो होम मैचों की पिच को लेकर क्यूरेटर से नाखुश है। कुछ ऐसा ही हाल चेन्नई सुपर किंग्स का भी जो होम पिच को लेकर खुश नहीं है।
पंजाब के खिलाफ हार के बाद लखनऊ ने मेंटॉर जहीर खान ने तो प्रेस कॉन्फ्रेंस में ही पिच को लेकर अपनी नाखुशी का इजहार किया है। उन्होंने कहा कि वह इस बात से निराश हैं कि लखनऊ के क्यूरेटर वास्तव में यह नहीं सोच रहे थे कि यह हमारा होम मैच है। ऐसा लगा जैसे पंजाब के क्यूरेटर ने पिच तैयार की हो।